Qudits Quantum Processor
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Quantum Qudits Kya Hai | Qudits ने क्वांटम कंप्यूटर की दुनिया को कैसे बदल दिया है

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दशकों से कंप्यूटर Binary सूचनाओं का प्रयोग करते आ रहे हैं – शून्य और एक। अब ऑस्ट्रिया के इन्सब्रुक विश्वविद्यालय में एक टीम को यह एहसास हो गया है की क्वांटम कंप्यूटर 0 और 1 की गन्ना जिसे हम बायनरी लैंग्वेज भी कहते हैं से अधिक ऊपर उठकर नए आयाम की कंप्यूटिंग पावर को उजागर कर सकता है और यह एक ऐसा कदम है जिसने कंटम कंप्यूटर की दुनिया को पूरी तरह से बदल कर रख देगा ( उन्होंने दुनिया को यह भी बताया कि जिन आदर्शों (Trends) पर हम अभी तक चल रहे थे Qdits की खोज उन सब आदर्शों से ऊपर उठकर अतिरिक्त कम्प्यूटेशनल संसाधनों को अनलॉक करता है

हम सभी शुरुआती दिनों से सीखते हैं कि कंप्यूटर शून्य और एक के साथ काम करते हैं, जिन्हें बाइनरी सूचना के रूप में भी जाना जाता है। यह दृष्टिकोण इतना सफल रहा है कि कंप्यूटर अब कॉफी मशीन से लेकर सेल्फ-ड्राइविंग कारों तक सब कुछ संचालित करते हैं और उनके बिना जीवन की कल्पना करना कठिन है।

इस सफलता के आधार पर, आज के क्वांटम कंप्यूटर भी द्विआधारी सूचना प्रसंस्करण को ध्यान में रखकर तैयार किए गए हैं। ऑस्ट्रिया के इंसब्रुक के एक प्रयोगात्मक भौतिक विज्ञानी मार्टिन रिंगबॉयर बताते हैं, “क्वांटम कंप्यूटर के निर्माण खंड, केवल शून्य और एक से अधिक हैं।” “उन्हें बाइनरी सिस्टम तक सीमित करना इन उपकरणों को उनकी वास्तविक क्षमता तक जाने से रोकता है।

इंसब्रुक विश्वविद्यालय में प्रायोगिक भौतिकी विभाग में थॉमस मोंज़ की अगुआई वाली टीम अब क्वांटम कंप्यूटर विकसित करने में सफल रही है जो तथाकथित क्वांटम अंकों (क्यूडिट्स) के साथ मनमानी गणना कर सकती है, जिससे कम क्वांटम कणों के साथ अधिक कम्प्यूटेशनल पावर अनलॉक हो जाती है। जहां qubits क्वांटम कंप्यूटर में केवल 2 स्टेट्स 0 और 1 मैं पाया जाता है वही Qudits 8 स्टेज में पाया जाता है और Qudits और क्वांटम कंप्यूटर सभी स्टेज को कंट्रोल कर सकता है.

आइए क्वांटम कंप्यूटर को थोड़ा विस्तार से समझते हैं

हाल के वर्षों में हमने बहुत सी बड़ी प्रौद्योगिकी कंपनियों को इस विषय में रुचि लेते हुए और उद्योग में उपयोग किए जाने वाले क्वांटम कंप्यूटर की दौड़ को शुरू होते देखा है।

क्वांटम कंप्यूटर हाई स्पीड कंप्यूटेशन पावर के साथ प्रौद्योगिकी उद्योग में बहुत सारी समस्याओं को हल करने का वादा करते हैं। उदाहरण के लिए, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, साइबर सुरक्षा, दवा विकास और धातुकर्म (Metallurgy) जैसे क्षेत्रों में सुधार कर सकता है।

क्वांटम कंप्यूटिंग क्या है?


क्वांटम कंप्यूटिंग Quantum Mechanics / (Quantum Physics / की शक्ति का उपयोग कर रही है ताकि हमें उन सीमाओं को पार करने में मदद मिल सके जो वर्तमान कंप्यूटिंग दुनिया मैं मौजूद हैं। हालाँकि, क्योंकि किसी कण की क्वांटम अवस्था एक प्राकृतिक घटना है, इसका मतलब है कि इसे विभिन्न तरीकों से पुन: उत्पन्न किया जा सकता है। हम क्वांटम कंप्यूटरों की विविधता को देखेंगे और यह समझने की कोशिश करेंगे कि क्वांटम प्रोसेसर कैसे काम करता है।

हार्डवेयर भाग को समझने से हमें यह समझने में मदद मिल सकती है कि क्वांटम कंप्यूटिंग करने में किन-किन समस्या सामना करना पड़ सकता है

हालांकि मुझे यकीन है कि आप में से अधिकांश पहले से ही क्वांटम कंप्यूटिंग के पीछे की प्रमुख शर्तों को जानते हैं, मैं क्वांटम कंप्यूटिंग के हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर भाग में गोता लगाने से पहले उनका संक्षेप में वर्णन करूंगा

क्यूबिट्स क्या है

एक क्लासिकल कंप्यूटर के बिट्स के रूप में देखा जा सकता है। उनके पास एक ही समय में 1 और 0 होने की क्षमता है

सुपरपोजिशन क्या है

भौतिकी में Quantum State के रूप में जाना जाता है (यह वह क्षण है जब एक क्वांट क्वांटम दायरे में प्रवेश करता है) जब यह superposition के दायरे में प्रवेश करता है तो यह Quant element तरंग के रूप में व्यवहार करने लगता है और इसी अवस्था को कहते हैं सुपर पोजीशन

क्यूडिट्स क्या है (Qudits)

Qdits के बारे में जैसा कि हमने ऊपर समझाया की क्यूबिट्स की अवस्था सिर्फ दो हो सकती है लेकिन Qdits की अवस्था 8 हो सकती है तथा अनियंत्रित भी किया जा सकता है अब आप समझ गए होंगे कि जब 2 स्टेट वाला क्वांटम कंप्यूटर दुनिया में क्रांति ला सकता है तो 8 स्टेट वाला क्वांटम कंप्यूटर कैसे पूरी दुनिया बदल कर रख दे क्योंकि अभी तक जो भी प्रॉब्लम टू स्टेज क्वांटम कंप्यूटर में आते हैं जहां हम हैं – असली क्वांटम कंप्यूटर बनाने के लिए बहुत सारे क्यूबिट की जरूरत पड़ती है लेकिन क्वांटम डिजिट की खोज के बाद हमें कम quantum Bits होने के बावजूद भी 8 गुना ज्यादा कंप्यूटेशन पावर मिल जाएगी और क्वांटम डिजिट की मदद से प्रोसेसर कॉलिंग Coil जोकि हर Quanta Element पर लगाई जाती है , उस में भारी मात्रा में कमी आएगी , जो कि इस समय क्वांटम कंप्यूटर्स की सबसे बड़ी प्रॉब्लम है

Entanglement क्या है

आइंस्टीन द्वारा “दूरी पर डरावनी कार्रवाई” के रूप में वर्णित। यह वह अदृश्य बंधन है जो दो कणों में होता है (वे अलग-अलग दिशाओं में घूमते हैं)। कंप्यूटर विज्ञान के दृष्टिकोण से, जहां भी उलझी हुई orbits होंगी वहां पर Entanglement लागू होता है, इस प्रोसेस के दौरान अगर हम दोनों कानों को चाहे कितनी भी दूर रख दें एग्जांपल के लिए धरती के एक कोने से दूसरे कोने तक अगर हम दोनों कणों को 1-1 सीरे पर रख दे , और एक कणों किस स्टेट में बदलाव करें तो स्वता ही दूसरे कणों में बदलाव नजर आएगा इसी अवस्था को क्वांटम Entanglement कहा जाता है

गेट्स क्या है

एक Traditional कंप्यूटर के Logic द्वार है , और इन लॉजिक गेट से किसी भी Chip और कंप्यूटर की वर्किंग निर्धारित होती है । तथा qubits को नियंत्रित करने के साधन के रूप में भी देखा जा सकता है।

क्वांटम कंप्यूटिंग की स्थिति

जैसा कि मैं यह लेख लिख रहा हूं, पहले क्वांटम कंप्यूटर या “क्वांटम वर्चस्व” के लिए लड़ाई अभी भी जारी है। बहुत सी बड़ी टेक कंपनियां या शोध प्रयोगशालाएं हैं जो एक व्यवहार्य क्वांटम कंप्यूटर बनाने की कोशिश कर रही हैं। लेकिन यह प्रतिस्पर्धी भावना हमारे उद्देश्य के लिए भी उत्कृष्ट है क्योंकि हर कोई एक अलग दृष्टिकोण की कोशिश कर रहा है।

आपको यह पता है कि पूरी दुनिया में जो काम क्वांटम कंप्यूटर्स बन रहे हैं वे 6- 7 तरीके के नए-नए visons पर आधारित है लेकिन सभी अंत में जाकर के क्वांटम स्टेट को प्राप्त करने के विजन पर आकर एक हो जाते हैं .

इतने सारे दृष्टिकोण होने का कारण यह है कि अंतिम लक्ष्य एक कण की क्वांटम अवस्था को प्राप्त करना और मापना है जो एक प्राकृतिक घटना है।

क्वांटम सिस्टम अलग हैं

हालांकि शून्य और इकाई में जानकारी संग्रहीत करना गणना करने का सबसे कारगर तरीका नहीं है, यह सबसे आसान तरीका है। सरल का अर्थ अक्सर विश्वसनीय और गलतियों से मुक्त होता है और इसलिए बाइनरी जानकारी शास्त्रीय कंप्यूटरों के लिए निर्विवाद मानक बन गई है।

Qdits का जहां प्रयोग किया गया है

वहां क्वांटम दुनिया में, स्थिति काफी अलग है। इंसब्रुक क्वांटम कंप्यूटर में, उदाहरण के लिए, व्यक्तिगत रूप से फंसे कैल्शियम परमाणुओं में जानकारी संग्रहीत की जाती है। इनमें से प्रत्येक परमाणु में स्वाभाविक रूप से आठ अलग-अलग अवस्थाएँ होती हैं, जिनमें से आम तौर पर केवल दो का उपयोग सूचनाओं को संग्रहीत करने के लिए किया जाता है। वास्तव में, लगभग सभी मौजूदा क्वांटम कंप्यूटरों की अभिकलन के लिए उपयोग किए जाने की तुलना में अधिक क्वांटम States तक पहुंच है।

हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर के लिए एक प्राकृतिक दृष्टिकोण

इंसब्रुक के भौतिकविदों ने अब एक क्वांटम कंप्यूटर विकसित किया है जो इन परमाणुओं की पूरी क्षमता का उपयोग qudits के साथ कंप्यूटिंग करके कर सकता है। Traditional Computers के विपरीत, अधिक राज्यों का उपयोग करने से कंप्यूटर कम विश्वसनीय नहीं हो जाता है। थॉमस मोंज़ कहते हैं, “क्वांटम सिस्टम में स्वाभाविक रूप से केवल दो से अधिक States होते हैं और हमने दिखाया कि हम उन सभी को समान रूप से नियंत्रित कर सकते हैं।”

दूसरी ओर, क्वांटम कंप्यूटर की आवश्यकता वाले कई कार्य, जैसे भौतिकी, रसायन विज्ञान, या भौतिक विज्ञान में समस्याएं, स्वाभाविक रूप से qudit भाषा में व्यक्त की जाती हैं। उन्हें क्वैबिट के लिए फिर से लिखना अक्सर उन्हें आज के क्वांटम कंप्यूटरों के लिए बहुत जटिल बना सकता है। मार्टिन रिंगबॉ

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